सृष्टि की उत्पत्ति और ध्रुव चरित्र का भावपूर्ण किया वर्णन |
जिला संवाददाता सुनील कुमार धुरिया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस राठ,हमीरपुर l नगर के बड़ा मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा में शनिवार को कथावाचक पंडित योगेंद्र तिवारी ने सृष्टि की उत्पत्ति और ध्रुव चरित्र का भावपूर्ण वर्णन किया। कथा सुनने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। कथावाचक ने कहा कि संपूर्ण सृष्टि भगवान की दिव्य शक्ति से उत्पन्न हुई है और हर जीव उसी परमात्मा का अंश है। जब मनुष्य अहंकार, लोभ और मोह का त्याग कर भक्ति के मार्ग पर चलता है, तभी उसके जीवन में सच्चे सुख और शांति की प्राप्ति होती है। उन्होंने बालक ध्रुव की अटूट भक्ति का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि मात्र पांच वर्ष की आयु में ध्रुव ने भगवान विष्णु की प्राप्ति के लिए कठोर तपस्या की। उनकी सच्ची श्रद्धा और दृढ़ विश्वास से प्रसन्न होकर भगवान विष्णु ने उन्हें दर्शन दिए और आकाश में अटल स्थान प्रदान किया, जिसे आज ध्रुव तारा के नाम से जाना जाता है। कथावाचक ने कहा कि ध्रुव की कथा हमें सिखाती है कि सच्ची लगन, धैर्य और भक्ति से असंभव कार्य भी संभव हो जाते हैं। कथा के दौरान भजन-कीर्तन से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा और श्रद्धालु भक्ति रस में डूबे नजर आए।इस अवसर पर यजमान अजीत शर्मा और सुभि शर्मा सहित आयोजक राजू नगायच, सुधीर नगायच, सुनील नगायच उर्फ रानू मौजूद रहे। कथा में बड़ी संख्या में महिला और पुरुष श्रद्धालुओं ने सहभागिता की।