सम्पूर्ण समाधान दिवस में उप महानिरीक्षक ने प्रतिभाग कर की जनसुनवाई दिए निर्देश |
जिला संवाददाता सुनील कुमार धुरिया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस हमीरपुर l आयुक्त, चित्रकूटधाम मण्डल, बाँदा अजीत कुमार ने आज तहसील मौदहा में आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस में उप महानिरीक्षक, चित्रकूटधाम परिक्षेत्र, बाँदा राजेश एस. के साथ प्रतिभाग कर जनसुनवाई की। इस दौरान दूर-दराज से आए फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुना गया। समाधान दिवस में लगभग 20 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनके त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण हेतु आयुक्त ने उपजिलाधिकारी मौदहा को निर्देशित किया कि सभी प्रार्थना पत्रों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित कर तीन दिवस के भीतर आख्या आयुक्त कार्यालय को उपलब्ध कराई जाए। आयुक्त ने उपस्थित सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों का नियमित भ्रमण कर जनसमस्याओं का मौके पर ही समाधान सुनिश्चित करें तथा शासन की योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पारदर्शी एवं समयबद्ध तरीके से पहुँचाएं। उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्था बनाई जाए जिससे आमजन को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें और प्रशासन के प्रति जनविश्वास मजबूत हो। साथ ही राजस्व अधिकारियों को एलपीजी गैस गोदामों का नियमित निरीक्षण करने तथा कालाबाजारी या ओवररेटिंग पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए।
सम्पूर्ण समाधान दिवस के उपरांत आयुक्त ने सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, मौदहा का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य केन्द्र परिसर में शौचालय अस्वच्छ पाए गए, ड्यूटी रोस्टर सार्वजनिक स्थान पर प्रदर्शित नहीं था तथा मरीजों की अत्यधिक भीड़ पाई गई। इसके अतिरिक्त पोर्च क्षेत्र की टाइल्स उखड़ी हुई मिलीं, जिससे अव्यवस्था परिलक्षित हुई। इस पर आयुक्त ने मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को तत्काल स्वच्छता व्यवस्था सुदृढ़ करने, ड्यूटी रोस्टर सार्वजनिक रूप से प्रदर्शित करने तथा भवन की क्षतिग्रस्त संरचनाओं की शीघ्र मरम्मत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और पुनरावृत्ति की स्थिति में संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने शासन की मंशानुसार जनसमस्याओं के त्वरित समाधान तथा गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया।
आयुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे पूर्ण उत्तरदायित्व, संवेदनशीलता एवं समन्वय के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें, जिससे आमजन को प्रभावी, पारदर्शी और भरोसेमंद प्रशासनिक सेवाएं उपलब्ध हो सकें।