यूपीयूएमएस सैफई में “प्रभावी मेडिकल थीसिस लेखन” विषय पर एक दिवसीय संगोष्ठी का आयोजन
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस सैफई इटाव।माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) अजय सिंह के दूरदर्शी नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय (यूपीयूएमएस), सैफई के कम्युनिटी मेडिसिन विभाग द्वारा इंस्टीट्यूट ऑफ एप्लाइड स्टैटिस्टिक्स, कानपुर के सहयोग से “प्रभावी मेडिकल थीसिस लेखन (Effective Medical Thesis Writing)” विषय पर एक दिवसीय संगोष्ठी का सफल आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रति कुलपति प्रोफेसर डॉ रमाकांत ने दीप प्रज्वलन कर किया, जिसके उपरांत मंचासीन अतिथियों का स्वागत एवं सम्मान किया गया।
संगोष्ठी में अतिथि वक्ता डॉ. मानुषी श्रीवास्तव (मेडिकल सोशियोलॉजी की प्रोफेसर, IMS BHU), डॉ. हितेश खुराना (मनोरोग विभाग के प्रोफेसर), डॉ. शुभम पांडे (नेशनल कोऑर्डिनेटर, डॉ. पदम सिंह रिसर्च एंड डेवलपमेंट स्कीम) ने प्रभावी थीसिस लिखने के प्रोटोकॉल पर ध्यान देना, जैसे परिचय, साहित्य की समीक्षा और रिसर्च मेथोडोलॉजी को हाईलाइट करना जैसे बिंदुओं को विस्तार पूर्वक समझाया।
विशेषज्ञों ने बताया कि स्टैटिस्टिकल एनालिसिस कैसे करें और स्टडी के नतीजे कैसे लिखें, साथ ही चर्चा, निष्कर्ष और रेफरेंसिंग स्टाइल को बेहतर बनाने पर किस तरह ध्यान देना और बेहतरीन इंटरडिपार्टमेंटल सहयोग और तालमेल जैसी तकनीक बिंदुओं पर भी प्रकाश डाला।
विभागाध्यक्ष एवं प्रोफेसर डॉ पंकज कुमार जैन ने बताया संगोष्ठी में मेडिकल शोध में प्रभावी, सुव्यवस्थित एवं गुणवत्तापूर्ण थीसिस लेखन की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। उन्होंने थीसिस के सशक्त ढांचे, उसकी वैज्ञानिक उपयोगिता, दीर्घकालिक प्रभावों तथा अकादमिक एवं शोध क्षेत्र में उसकी भूमिका पर विस्तार से प्रकाश डाला गया।
आयोजन सचिव डॉ. प्रेम प्रकाश भारती (असिस्टेंट प्रोफेसर, कम्युनिटी मेडिसिन, UPUMS, सैफई) कहा कि यह संगोष्ठी शोध गुणवत्ता को सुदृढ़ करने, साक्ष्य-आधारित चिकित्सा पद्धतियों को प्रोत्साहित करने तथा संसाधनों की अनावश्यक बर्बादी को कम करने की दिशा में अत्यंत उपयोगी एवं सार्थक सिद्ध हुई है।
कार्यक्रम में संकायाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ आदेश कुमार, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक प्रोफेसर डॉ एसपी सिंह विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के संकाय सदस्य, स्नातकोत्तर रेजिडेंट्स, एमएसएसओ, इंटर्न्स एवं अन्य विभागों के रेजिडेंट्स उपस्थित रहे।