आईआईटी कानपुर नोएडा आउटरीच सेंटर में हुई एमओयू की घोषणा |
-विश्वविद्यालय और स्टार्टअप के बीच मजबूत संबंध भारत कृषि नवाचार प्रणाली को बनाएंगे मजबूत -कुलपति |
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर | फाउंडेशन फॉर इनोवेशन एंड रिसर्च इन साइंस एंड टेक्नोलॉजी, आईआईटी कानपुर को उसके इनक्यूबेशन सेंटर स्टार्टअप इनक्यूबेशन एंड इनोवेशन सेंटर के माध्यम से कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार की योजना (राष्ट्रीय कृषि विकास योजना – रिम्यूनरेटिव अप्रोचेस फॉर एग्रीकल्चर एंड एलाइड सेक्टर रीजुवनेशन) का नॉलेज पार्टनर नियुक्त किया गया है। इसकी औपचारिक घोषणा आईआईटी कानपुर के नोएडा आउटरीच सेंटर में आयोजित लॉन्च और स्टेकहोल्डर एंगेजमेंट कार्यक्रम के दौरान की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के सचिव देवेश चतुर्वेदी, आईएएस ने मुख्य अतिथि के रूप में की फाउंडेशन फॉर इनोवेशन एंड रिसर्च इन साइंस एंड टेक्नोलॉजी, आईआईटी कानपुर, आईआईटी कानपुर के सीईओ डॉ. आशुतोष अग्निहोत्री ने स्वागत सम्बोधन दिया और औपचारिक रूप से समझौता ज्ञापन की घोषणा की। फाउंडेशन फॉर इनोवेशन एंड रिसर्च इन साइंस एंड टेक्नोलॉजी की महाप्रबंधक सुरभि अवस्थी ने की रूपरेखा और उद्देश्य के बारे में जानकारी दी। नॉलेज पार्टनर के रूप में आईआईटी कानपुर देशभर में कृषि स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने, उन्हें मार्गदर्शन देने, फंडिंग से जोड़ने और एग्री-बिजनेस इनक्यूबेटर्स के साथ समन्वय स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। इस साझेदारी का उद्देश्य प्रिसिजन फार्मिंग, एग्री-बायोटेक, पोस्ट-हार्वेस्ट टेक्नोलॉजी और अन्य कृषि क्षेत्रों में नवाचार को मजबूत करना है, ताकि कृषि क्षेत्र में नए और प्रभावी समाधान विकसित हो सकें।
कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के सचिव, देवेश चतुर्वेदी, आईएएस ने कहा, आईआईटी कानपुर अपनी मजबूत शैक्षणिक पृष्ठभूमि और सशक्त इनोवेशन इकोसिस्टम के साथ को नई गति देगा। यह साझेदारी कृषि उद्यमिता को तेज करेगी और देश के किसानों पर सकारात्मक प्रभाव डालेगी।” कानपुर के आयुक्त और चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, कानपुर के कुलपति के. विजयेंद्र पांडियन, आईएएस ने विशिष्ट अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय और स्टार्टअप के बीच मजबूत संबंध भारत की कृषि नवाचार प्रणाली को और मजबूत बनाएंगे। क्षेत्रीय कार्यालय लखनऊ के मुख्य महाप्रबंधक पंकज कुमार ने विशेष संबोधन में कहा कि नाबार्ड कृषि नवाचार और से जुड़े स्टार्टअप्स को वित्तीय सहयोग देने के लिए प्रतिबद्ध है। आईआईटी कानपुर के सीईओ, डॉ. आशुतोष अग्निहोत्री ने कहा, “कृषि भारत की रीढ़ है और एग्रीटेक नवाचार इसे अधिक उत्पादक और मजबूत बना सकता है। हम आईआईटी कानपुर के दो दशकों के डीप-टेक इनक्यूबेशन अनुभव को कृषि क्षेत्र के विकास में लगाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।