राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस पर चिकित्सकों ने समाज सेवा एवं उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति दोहराया संकल्प
*कुलपति प्रो. (डॉ.) अजय सिंह ने चिकित्सकों की भूमिका को राष्ट्र निर्माण का आधार बताया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस सैफई, जुलाई। उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय (यूपीयूएमएस), सैफई के ट्रॉमा सेंटर स्थित प्रथम तल के सेमिनार हॉल में मंगलवार सायं 4:00 बजे राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस के अवसर पर गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति *प्रो. (डॉ.) अजय सिंह* मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।
अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) अजय सिंह ने कहा कि चिकित्सक केवल रोगों का उपचार करने वाला व्यक्ति नहीं, बल्कि एक स्वस्थ, सक्षम एवं समृद्ध राष्ट्र के निर्माण का प्रमुख आधार है। उन्होंने कहा कि भारत जैसे विकासशील देश में गुणवत्तापूर्ण, सुलभ एवं समावेशी स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता ही समग्र विकास की आधारशिला है। चिकित्सकों का दायित्व केवल अस्पतालों तक सीमित नहीं है, बल्कि उन्हें समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े प्रत्येक जरूरतमंद एवं वंचित व्यक्ति तक बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुँचाने के लिए संवेदनशीलता, समर्पण और सेवा भावना के साथ कार्य करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि स्वस्थ नागरिक ही किसी भी राष्ट्र की सबसे बड़ी पूंजी होते हैं। यदि प्रत्येक चिकित्सक अपने ज्ञान, कौशल और मानवीय मूल्यों के साथ समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करे, तो एक स्वस्थ समाज के निर्माण के साथ-साथ देश की प्रगति को नई गति मिल सकती है। उन्होंने चिकित्सकों से आह्वान किया कि वे चिकित्सा सेवा को केवल एक पेशा नहीं, बल्कि मानवता की सर्वोच्च सेवा के रूप में देखें।
इस अवसर पर माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) अजय सिंह ने राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस के उपलक्ष्य में स्वैच्छिक रक्तदान करने वाले विश्वविद्यालय के छह चिकित्सकों को प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।
माननीय कुलपति ने उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय, सैफई की निरंतर प्रगति एवं राष्ट्रीय स्तर पर स्थापित हो रही पहचान में विश्वविद्यालय के चिकित्सकों, शिक्षकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों के समर्पण, परिश्रम एवं उत्कृष्ट योगदान की सराहना करते हुए सभी को राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस की शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय के चिकित्सकों ने उत्कृष्ट चिकित्सा सेवाओं, गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा शिक्षा एवं शोध के माध्यम से संस्थान को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के वरिष्ठ चिकित्सकों, संकाय सदस्यों एवं रेजिडेंट चिकित्सकों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। इस अवसर पर सभी चिकित्सकों ने समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेषकर गरीब, ग्रामीण एवं जरूरतमंद मरीजों को समर्पित भाव से गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने तथा चिकित्सा पेशे की गरिमा, नैतिक मूल्यों एवं मानवीय संवेदनाओं को सदैव सर्वोच्च प्राथमिकता देने का सामूहिक संकल्प लिया।
राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस का यह आयोजन चिकित्सकों के प्रति सम्मान, कृतज्ञता एवं समाज के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को और अधिक सुदृढ़ करने वाला प्रेरणादायी अवसर सिद्ध हुआ।