UPUMS सैफई में ऑक्यूपेशनल थैरेपी रूम का शुभारंभ, मरीजों को मिलेगी बेहतर एवं समग्र पुनर्वास सुविधा
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस सैफई, इटावा। उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय (UPUMS), सैफई में मरीजों को आधुनिक, गुणवत्तापूर्ण एवं समग्र पुनर्वास सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए भौतिक चिकित्सा एवं पुनर्वास विभाग में नवस्थापित ऑक्यूपेशनल थैरेपी रूम का उद्घाटन माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) अजय सिंह द्वारा किया गया।
इस अवसर पर माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) अजय सिंह ने कहा कि आधुनिक चिकित्सा व्यवस्था में पुनर्वास सेवाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। ऑक्यूपेशनल थैरेपी के माध्यम से मरीजों की कार्यात्मक क्षमताओं में सुधार के साथ-साथ उन्हें दैनिक जीवन की गतिविधियों में अधिक आत्मनिर्भर बनाने में सहायता मिलती है। उन्होंने कहा कि UPUMS का उद्देश्य मरीजों को केवल उपचार उपलब्ध कराना ही नहीं, बल्कि उन्हें बेहतर कार्यक्षमता, आत्मनिर्भरता और सम्मानजनक जीवन की ओर आगे बढ़ाना है।
माननीय कुलपति ने विभाग द्वारा पुनर्वास सेवाओं के विस्तार की पहल की सराहना करते हुए कहा कि मरीज-केंद्रित एवं समग्र उपचार व्यवस्था विश्वविद्यालय की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने आधुनिक पुनर्वास सुविधाओं को और सुदृढ़ करने तथा मरीजों को उनका अधिकतम लाभ पहुंचाने पर जोर दिया।
विभागाध्यक्ष डॉ. विनय कनौजिया ने बताया कि नवस्थापित ऑक्यूपेशनल थैरेपी रूम का उद्देश्य मरीजों को दैनिक जीवन की गतिविधियों में अधिकतम स्वतंत्रता प्राप्त करने, उनकी कार्यात्मक क्षमताओं को विकसित करने तथा जीवन की गुणवत्ता में सुधार हेतु समग्र पुनर्वास सेवाएं प्रदान करना है। इस इकाई में विभिन्न कार्यात्मक एवं कौशल-आधारित गतिविधियों के माध्यम से मरीजों के शारीरिक, मानसिक, सामाजिक एवं व्यावसायिक पुनर्वास पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
इसी क्रम में UPUMS सैफई के भौतिक चिकित्सा एवं पुनर्वास विभाग द्वारा विश्व सेरेब्रल पाल्सी दिवस का भी आयोजन किया गया। इस वर्ष की थीम “Unique and United” रही। कार्यक्रम के माध्यम से सेरेब्रल पाल्सी से प्रभावित बच्चों एवं उनके अभिभावकों को शीघ्र पहचान, समय पर उपचार, नियमित थेरेपी तथा बहुविषयक पुनर्वास के महत्व के प्रति जागरूक किया गया।
विभागाध्यक्ष डॉ. विनय कनौजिया ने सेरेब्रल पाल्सी से प्रभावित बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए प्रारंभिक पहचान एवं समयबद्ध उपचार के साथ फिजियोथेरेपी, ऑक्यूपेशनल थैरेपी एवं अन्य चिकित्सकीय सेवाओं के समन्वित प्रयासों की आवश्यकता पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में माननीय प्रो-वाइस चांसलर प्रोफेसर (डॉ.) आदेश कुमार ने कहा कि सेरेब्रल पाल्सी से प्रभावित बच्चों के समग्र विकास एवं पुनर्वास के लिए फिजियोथेरेपी, ऑक्यूपेशनल थैरेपी तथा चिकित्सकीय सेवाओं का समन्वय अत्यंत आवश्यक है।
विश्व सेरेब्रल पाल्सी दिवस के अवसर पर चिकित्सकों, फिजियोथेरेपिस्ट, ऑक्यूपेशनल थैरेपिस्ट, अन्य स्वास्थ्यकर्मियों, बच्चों एवं उनके अभिभावकों की सक्रिय सहभागिता रही। उपस्थित बच्चों एवं अभिभावकों को सेरेब्रल पाल्सी, पुनर्वास सेवाओं की उपयोगिता तथा नियमित थेरेपी के महत्व के संबंध में आवश्यक जानकारी प्रदान की गई।
विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों के चिकित्सकों, संकाय सदस्यों, पैरामेडिकल स्टाफ एवं कर्मचारियों ने ऑक्यूपेशनल थैरेपी रूम के उद्घाटन में सहभागिता की। कार्यक्रम के अंत में डॉ. जावेद अहमद द्वारा उपस्थित अतिथियों एवं सभी सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
“Together for Better Functioning, Greater Independence” के उद्देश्य के साथ प्रारंभ की गई यह सुविधा UPUMS सैफई में मरीजों को बेहतर कार्यक्षमता, अधिक आत्मनिर्भरता एवं सम्मानजनक जीवन की दिशा में आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।