जनकल्याणकारी योजनाओं में लंबित प्रकरणों का प्राथमिकता से करें निस्तारण,
-राजस्व शिकायतों के समाधान के लिए 1 नवंबर से चलेगा विशेष अभियान: डीएम
जिला संवाददाता सुनील कुमार धुरिया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस हमीरपुर l जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक समयबद्ध ढंग से पहुंचाने, राजस्व संबंधी शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने तथा आवश्यक सेवाओं में पारदर्शिता बनाए रखने के उद्देश्य से कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी हमीरपुर अशोक कुमार की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0, पीएम स्वनिधि योजना, राजस्व संबंधी समस्याओं, राशन एवं खाद वितरण व्यवस्था तथा अवैध खनन सहित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में समस्त उपजिलाधिकारियों, तहसील स्तरीय अधिकारियों एवं अधिशासी अधिकारियों ने प्रतिभाग किया, जबकि कुछ अधिकारी गूगल मीट के माध्यम से जुड़े रहे।
प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 तथा प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि दोनों योजनाओं के अंतर्गत लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा कर उनका प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण कराया जाए। पीएम स्वनिधि योजना के अंतर्गत पात्र पथ विक्रेताओं के लंबित ऋण आवेदनों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए। इसके लिए संबंधित निकायों एवं बैंकों के बीच प्रभावी समन्वय स्थापित करते हुए आवेदन प्रक्रिया, बैंक स्तर पर लंबित प्रकरणों तथा स्वीकृति एवं ऋण वितरण की स्थिति की निगरानी की जाए। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) 2.0 में भी पात्र लाभार्थियों के प्रकरणों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करते हुए निर्धारित लक्ष्यों की पूर्ति के लिए प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि चकरोडों पर अवैध कब्जे, खेतों की मेड़बंदी तथा रास्तों से संबंधित विवादों के निस्तारण में अनावश्यक देरी न की जाए। संबंधित अधिकारी मौके पर जाकर वस्तुस्थिति का सत्यापन करें तथा आवश्यकतानुसार संयुक्त टीम के माध्यम से कार्रवाई सुनिश्चित कराएं। शिकायतों का निस्तारण केवल कागजों तक सीमित न रहे, बल्कि शिकायतकर्ता को वास्तविक राहत मिलनी चाहिए। अभियान के दौरान प्राप्त शिकायतों और उनके निस्तारण की नियमित समीक्षा भी की जाए।
राशन वितरण व्यवस्था की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि राशन वितरण दिवस पर सभी उपजिलाधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में उचित दर की दुकानों का अनिवार्य रूप से निरीक्षण करें। वितरण व्यवस्था की निगरानी करते हुए यह सुनिश्चित किया जाए कि पात्र कार्डधारकों को निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न उपलब्ध हो तथा उन्हें किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। राशन वितरण में घटतौली, अनियमितता अथवा अन्य किसी प्रकार की शिकायत प्राप्त होने पर संबंधित के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाए।
अवैध खनन की रोकथाम के संबंध में जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को सतर्कता के साथ निगरानी करने तथा प्राप्त शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अवैध खनन एवं उससे संबंधित अनियमितताओं पर प्रभावी नियंत्रण के लिए क्षेत्रीय स्तर पर नियमित निगरानी की जाए और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी न्यायिक श्रीमती रिजवाना शाहिद, डिप्टी कलेक्टर पैगाम हैदर, डिप्टी कलेक्टर आलोक प्रताप सिंह, सूचना अधिकारी सतीश कुमार सहित अधिशासी अधिकारी राठ एवं गोहांड आर.के. बेसुग, हमीरपुर के हेमराज, सुमेरपुर के दिनेश कुमार आर्या तथा मौदहा की सुश्री सीमा तोमर सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त समस्त उपजिलाधिकारी एवं तहसील तथा ब्लॉक स्तरीय अधिकारी गूगल मीट के माध्यम से बैठक में वर्चुअल रूप से जुड़े रहे।