राज्य महिला आयोग की सदस्य ने तीन दर्जन से अधिक महिलाओं की समस्याएं सुनीं
U- पुलिस और संबंधित अधिकारियों को निर्देशित कर महिलाओं को राहत देने के प
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर। महिला उत्पीड़न की रोकथाम, महिलाओं को त्वरित न्याय दिलाने के लिए राज्य महिला आयोग की सदस्य अनीता गुप्ता ने शनिवार, 5 अप्रैल को सर्किट हाउस में जनसुनवारई की। यहां पर तीन दर्जन से अधिक महिलाएं अपनी समस्याएं और शिकायतें लेकर पहुंचीं। कई के परिजन साथ में आए थे तो कुछ के वकील भी उनके साथ थे। आयोग की सदस्य अनीता गुप्ता ने घोषित समय पर जनसुनवाई शुरू करने के बाद धैर्यपूर्वक हर फरियादी की समस्या सुनी और अपने सहायकों के साथ डीटेल्स को नोट करते हुए संबंधित थाने और अधिकारियों को फोन पर तत्काल निर्देश भी दिए। वहीं साथ में मौजूद महिला थानाध्यक्ष को भी कई मामलों में कार्यान्वयन के निर्देश दिए। शाम तक सर्किट हाउस सभा कक्ष में पीड़ित महिलाओं के लिए आयोग की सदस्य ने अधिकारियों संग हर एक पीड़ित की सुनवाई की। समस्याओं में महिला उत्पीड़न, दहेज उत्पीड़न, पुलिस उत्पीड़न, घरेलू हिंसा, छेड़छाड़, बलात्कार, यौन उत्पीडन, दहेज जैसी गंभीर समस्याएं बड़ी संख्या में रहीं। इस मौके पर जिला प्रोबेशन अधिकारी जयदीप सिंह भी उपस्थित रहे।
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हर महीने पहले और तीसरे बुधवार को जनसुनवाई
जिला प्रोबेशन अधिकारी इस जनसुनवाई का नोटिफिकेशन प्रेस मीडिया के माध्यम से जनता के लिए जारी करते हैं। गाइडलाइन के अनुसार महीने में दो बार महिला आयोग की सदस्य जनसुनवाई करती हैं। इस बार अपरिहार्य कारणों से इस बार शनिवार को सुनवाई हुई। वैसे जिले में भी महिलाएं हर महीने के पहले और तीसरे बुधवार को आयोग की जनसुनवाई की जाती है, जहां निवारण के लिए पहुंच सकती हैं। बैठक में डीएम की ओर से नामित वरिष्ठ प्रशासनिक अथिकारी, पुलिस आयुक्त या उनकी ओर से नामित वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, महिला थानाध्यक्ष व सभी एसीपी के साथ महिला उत्पीड़न घटनाओं की समीक्षा, सुनवाई व गंभीर मामलों का निरीक्षण तक होता है। पीड़ितों को अपने प्रार्थना पत्र के संग आधार के स्वसत्यापित प्रतिलिपि भी लगाना होता है।