डिजिटल अनुशासन है सुरक्षा की कुंजी जागरूक रहें, सुरक्षित रहे:डीएम
-सेफर इंटरनेट डे पर हुई कार्यशाला
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर | डिजिटल युग में बढ़ते साइबर जोखिमों के मद्देनज़र मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभागार में ‘सेफर इंटरनेट डे’ के अवसर पर साइबर सुरक्षा विषयक कार्यशाला आयोजित की गई। जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने स्पष्ट कहा कि डिजिटल अनुशासन और साइबर सुरक्षा कार्यालय की सामूहिक जिम्मेदारी है। प्रत्येक कर्मचारी की सजगता ही शासकीय तंत्र को सुरक्षित रख सकती है।
कार्यशाला का संचालन जिला सूचना विज्ञान अधिकारी और ई-डिस्ट्रिक्ट मैनेजर द्वारा किया गया। कार्यक्रम में कलेक्ट्रेट के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यशाला का उद्देश्य इंटरनेट के सुरक्षित, जिम्मेदार और सकारात्मक उपयोग के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।प्रतिभागियों को बताया गया कि व्यक्तिगत जानकारी जैसे पासवर्ड, ओटीपी और बैंक विवरण किसी भी परिस्थिति में साझा न करें। सोशल मीडिया पर सोच-समझकर पोस्ट एवं साझा करें तथा साइबर बुलिंग, ऑनलाइन धोखाधड़ी और फर्जी खबरों से सावधान रहें। मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें और समय-समय पर उसे बदलते रहें।कार्यालयी व्यवस्था के अंतर्गत ऑफिस ई-मेल का प्रयोग केवल आधिकारिक कार्यों के लिए करने, अनजान ई-मेल या अटैचमेंट खोलने से पूर्व सत्यापन करने तथा फिशिंग कॉल और संदिग्ध संदेशों से सतर्क रहने के निर्देश दिए गए। टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन अपनाने, कंप्यूटर छोड़ते समय सिस्टम लॉक करने तथा गोपनीय दस्तावेजों की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया।इसके अतिरिक्त अधिकृत सॉफ्टवेयर एवं वेबसाइट के उपयोग, पब्लिक वाई-फाई पर संवेदनशील कार्य से परहेज, नियमित एंटीवायरस अपडेट और किसी भी साइबर घटना की तत्काल सूचना आईटी विभाग को देने की प्रक्रिया समझाई गई। ई-डिस्ट्रिक्ट मैनेजर ने सोशल मीडिया पर बिना अनुमति प्रसारित फोटो या वीडियो हटवाने हेतु उपलब्ध पोर्टल https://StopNCII.org� की जानकारी भी दी। कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी (भू-अधिग्रहण) संतोष कुमार राय, जिला सूचना विज्ञान अधिकारी अंजन कुमार गोस्वामी तथा ई-डिस्ट्रिक्ट मैनेजर संदीप कुमार यादव सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।