आजादी के करीब आठ दशक बाद जागी पक्की सड़क की उम्मीद
ग्रामीणों की वर्षों पुरानी समस्या पर डीएम अभिषेक गोयल का त्वरित एक्शन, कच्चे मार्ग को मोटरेबल बनाने का काम शुरू
जिला संवाददाता सुनील कुमार धुरिया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस हमीरपुर l आजादी के बाद से पक्की सड़क की बाट जोह रहे सदर कोतवाली क्षेत्र के ब्रह्मा का डेरा और उससे आगे बसे ग्रामीणों के लिए अब उम्मीद जगी है। दशकों से बदहाल पड़े कच्चे मार्ग की समस्या प्रशासन के संज्ञान में आते ही जिलाधिकारी अभिषेक गोयल के निर्देशन में कार्रवाई शुरू कर दी गई। फिलहाल ग्रामीणों को तत्काल राहत देने के लिए मार्ग को मोटरेबल यानी आवागमन योग्य बनाने का काम कराया जा रहा है। सड़क पर काम शुरू होने के साथ ही प्रशासन ने इसकी निगरानी भी तेज कर दी है। सदर एसडीएम अभिषेक कुमार स्वयं मौके पर पहुंचकर कार्य की प्रगति देख रहे हैं। उनके निर्देशन में सड़क को समतल करने और वाहनों के आवागमन योग्य बनाने का काम चल रहा है।
स्थायी समाधान के लिए शासन को भेजा प्रस्ताव
प्रशासन की कार्रवाई फिलहाल सड़क को चलने योग्य बनाने तक सीमित नहीं है। मार्ग के स्थायी समाधान के लिए पक्की सड़क निर्माण का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। इसके लिए करीब 1 करोड़ 81 लाख रुपए के बजट की मांग की गई है। शासन से धनराशि स्वीकृत होने के बाद पक्की सड़क निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।ग्रामीणों के मुताबिक, आजादी के बाद से अब तक यह मार्ग कच्चा और बदहाल रहा है। खराब रास्ते के चलते रोजाना आवागमन में परेशानी होती थी। बारिश के दिनों में स्थिति और खराब हो जाती थी। लंबे समय से सड़क निर्माण की मांग के बावजूद ग्रामीणों को इंतजार करना पड़ा।
काम शुरू होते ही ग्रामीणों में खुशी
वर्षों बाद सड़क पर काम शुरू होने से ग्रामीणों में खुशी है। उन्होंने प्रशासन की त्वरित कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी और एसडीएम का आभार जताया। ग्रामीणों का कहना है कि यदि शासन से बजट स्वीकृत होकर पक्की सड़क बन जाती है तो क्षेत्र के लोगों की करीब आठ दशक पुरानी समस्या का स्थायी समाधान हो जाएगा।
फिलहाल निगाह बजट स्वीकृति पर
कच्चे मार्ग को मोटरेबल बनाने से ग्रामीणों को तत्काल राहत मिल रही है, लेकिन उनकी नजर अब शासन से मिलने वाली बजट स्वीकृति पर है। करीब ₹1.81 करोड़ का प्रस्ताव मंजूर होने पर क्षेत्र को पक्की सड़क की सुविधा मिलने की उम्मीद है।