नवीन गल्ला मंडी में पानी में बहा धान, भारतीय किसान क्रांति यूनियन का प्रदर्शन
- लगातार 15 घंटे हुई बारिश से नवीन गल्ला मंडी में किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। खुले आसमान के नीचे रखा किसानों का धान बारिश और जलभराव के कारण पानी में बह रहा है। किसानों का आरोप है कि वे पिछले चार से पांच दिनों से धान लेकर मंडी बारिश से नवीन गल्ला मंडी में किसानों का धान पानी में बहा, भारतीय किसान क्रांति यूनियन ने किया प्रदर्शन
-24 घंटे में व्यवस्था सुधारने की मांग, मांग पूरी न होने पर अनिश्चितकालीन तालाबंदी की चेतावनी
वरिष्ठ संवाददाता हरि ओम
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस मथुरा लगातार 15 घंटे हुई बारिश से नवीन गल्ला मंडी में किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। खुले आसमान के नीचे रखा किसानों का धान बारिश और जलभराव के कारण पानी में बह रहा है। किसानों का आरोप है कि वे पिछले चार से पांच दिनों से धान लेकर मंडी में पड़े हैं, लेकिन उनका धान नहीं बिक पा रहा है। मंडी में पर्याप्त प्लेटफॉर्म उपलब्ध न होने के कारण किसानों को अपना अनाज खुले में रखने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
किसानों की समस्याओं को जानने के लिए भारतीय किसान क्रांति यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन चतुर्वेदी, उत्तर प्रदेश प्रभारी पंडित मानिक शर्मा, जिला अध्यक्ष भगवान दास तोमर, महानगर अध्यक्ष भरत अग्रवाल और जिला प्रभारी मुजाहिद कुरैशी ने नवीन गल्ला मंडी का दौरा किया। इस दौरान किसान नेताओं ने किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और धान की तुलाई एवं बिक्री में हो रही देरी पर नाराजगी जताई।
किसानों ने किसान नेताओं को बताया कि वे पिछले चार दिनों से अपना धान लेकर मंडी में खुले आसमान के नीचे पड़े हैं। लगातार बारिश और मंडी में जलभराव के कारण उनकी उपज को नुकसान पहुंच रहा है। किसानों का कहना था कि 15 घंटे की बारिश ने उनकी आर्थिक स्थिति को और खराब कर दिया है। किसान नेताओं ने आरोप लगाया कि मंडी समिति के अधिकारियों की ओर से किसानों की समस्याओं का समय पर समाधान नहीं किया जा रहा है।
किसान नेताओं ने मंडी सचिव रेनू वर्मा को किसानों की समस्याओं से अवगत कराया। इसके बाद मंडी सचिव ने मंडी इंस्पेक्टर को किसानों के बीच भेजा, लेकिन किसान नेताओं के अनुसार इसके बावजूद किसानों के धान की तुलाई और बिक्री नहीं हो सकी। मंडी सचिव ने किसानों को आश्वासन दिया कि उनका धान बिकवाया जाएगा।
बॉक्स मे
24 घंटे में सुधार नहीं हुआ तो होगी अनिश्चितकालीन तालाबंदी
भारतीय किसान क्रांति यूनियन के नेताओं ने कहा कि मंडी समिति में किसानों के अनाज को सुरक्षित रखने के लिए पर्याप्त प्लेटफॉर्म खाली नहीं हैं। इसके चलते किसानों को मजबूरी में अपनी उपज खुले आसमान के नीचे रखनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं से पहले ही किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है और अब तैयार फसल को बेचने के लिए मंडी में भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
किसान नेताओं ने मंडी समिति की व्यवस्थाओं पर सवाल उठाते हुए कहा कि किसानों की उपज की सुरक्षा, समय पर तुलाई और बिक्री सुनिश्चित करना अधिकारियों की जिम्मेदारी है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि 24 घंटे के भीतर मंडी समिति के अधिकारियों ने अपनी कार्यप्रणाली में सुधार नहीं किया और किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो मंडी समिति में अनिश्चितकालीन तालाबंदी की जाएगी। इसकी जिम्मेदारी मंडी सचिव की होगी।
धान की तुलाई की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन
किसानों का धान जल्द तुलवाने और बिक्री सुनिश्चित करने की मांग को लेकर भारतीय किसान क्रांति यूनियन के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और किसानों ने नवीन गल्ला मंडी में जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान मंडी कर्मचारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए किसानों की उपज की तत्काल तुलाई कराने और मंडी की व्यवस्थाओं में सुधार करने की मांग उठाई गई।
इस अवसर पर जिला अध्यक्ष भगवान दास तोमर, महानगर अध्यक्ष भरत अग्रवाल, उत्तर प्रदेश महासचिव पंडित नरोत्तम लाल पाराशर, जिला प्रभारी मुजाहिद कुरैशी, युवा महानगर अध्यक्ष चिरागुद्दीन कुरैशी, वृंदावन नगर अध्यक्ष विनोद राजपूत, महानगर के प्रमुख महासचिव असलम कुरैशी, सुनील चौधरी, जनसेवक डॉ. महेंद्र शर्मा, अशोक निषाद सहित अन्य पदाधिकारी, कार्यकर्ता और किसान मौजूद रहे। पड़ रहा है।
किसानों की समस्याओं को जानने के लिए भारतीय किसान क्रांति यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन चतुर्वेदी, उत्तर प्रदेश प्रभारी पंडित मानिक शर्मा, जिला अध्यक्ष भगवान दास तोमर, महानगर अध्यक्ष भरत अग्रवाल और जिला प्रभारी मुजाहिद कुरैशी ने नवीन गल्ला मंडी का दौरा किया। इस दौरान किसान नेताओं ने किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और धान की तुलाई एवं बिक्री में हो रही देरी पर नाराजगी जताई।
किसानों ने किसान नेताओं को बताया कि वे पिछले चार दिनों से अपना धान लेकर मंडी में खुले आसमान के नीचे पड़े हैं। लगातार बारिश और मंडी में जलभराव के कारण उनकी उपज को नुकसान पहुंच रहा है। किसानों का कहना था कि 15 घंटे की बारिश ने उनकी आर्थिक स्थिति को और खराब कर दिया है। किसान नेताओं ने आरोप लगाया कि मंडी समिति के अधिकारियों की ओर से किसानों की समस्याओं का समय पर समाधान नहीं किया जा रहा है।
किसान नेताओं ने मंडी सचिव रेनू वर्मा को किसानों की समस्याओं से अवगत कराया। इसके बाद मंडी सचिव ने मंडी इंस्पेक्टर को किसानों के बीच भेजा, लेकिन किसान नेताओं के अनुसार इसके बावजूद किसानों के धान की तुलाई और बिक्री नहीं हो सकी। मंडी सचिव ने किसानों को आश्वासन दिया कि उनका धान बिकवाया जाएगा।
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24 घंटे में सुधार नहीं हुआ तो होगी अनिश्चितकालीन तालाबंदी
भारतीय किसान क्रांति यूनियन के नेताओं ने कहा कि मंडी समिति में किसानों के अनाज को सुरक्षित रखने के लिए पर्याप्त प्लेटफॉर्म खाली नहीं हैं। इसके चलते किसानों को मजबूरी में अपनी उपज खुले आसमान के नीचे रखनी पड़ती है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं से पहले ही किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है और अब तैयार फसल को बेचने के लिए मंडी में भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
किसान नेताओं ने मंडी समिति की व्यवस्थाओं पर सवाल उठाते हुए कहा कि किसानों की उपज की सुरक्षा, समय पर तुलाई और बिक्री सुनिश्चित करना अधिकारियों की जिम्मेदारी है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि 24 घंटे के भीतर मंडी समिति के अधिकारियों ने अपनी कार्यप्रणाली में सुधार नहीं किया और किसानों की समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो मंडी समिति में अनिश्चितकालीन तालाबंदी की जाएगी। इसकी जिम्मेदारी मंडी सचिव की होगी।
धान की तुलाई की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन
किसानों का धान जल्द तुलवाने और बिक्री सुनिश्चित करने की मांग को लेकर भारतीय किसान क्रांति यूनियन के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और किसानों ने नवीन गल्ला मंडी में जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान मंडी कर्मचारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए किसानों की उपज की तत्काल तुलाई कराने और मंडी की व्यवस्थाओं में सुधार करने की मांग उठाई गई।
इस अवसर पर जिला अध्यक्ष भगवान दास तोमर, महानगर अध्यक्ष भरत अग्रवाल, उत्तर प्रदेश महासचिव पंडित नरोत्तम लाल पाराशर, जिला प्रभारी मुजाहिद कुरैशी, युवा महानगर अध्यक्ष चिरागुद्दीन कुरैशी, वृंदावन नगर अध्यक्ष विनोद राजपूत, महानगर के प्रमुख महासचिव असलम कुरैशी, सुनील चौधरी, जनसेवक डॉ. महेंद्र शर्मा, अशोक निषाद सहित अन्य पदाधिकारी, कार्यकर्ता और किसान मौजूद रहे।