23 अक्टूबर को आरटीओ में आयोजित होगा परिवहन मेला
- पेनाल्टी में छूट व फिटनेस तथा परमिट कराने की मिलेगी सुविधा
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर। उ.प्र. परिवहन आयुक्त उत्तर प्रदेश के निर्देश पर संभाग स्तर पर चरणबद्ध रूप से परिवहन मेलों का आयोजन 23 अक्टूबर, 27 नवम्बर व 26 दिसम्बर 2.2026 को आयोजित किया जायेगा। परिवहन मेले में राजस्व एकत्र, नागरिक सेवा सुविधा मंच होगा, जिसमें वाहन स्वामियों के लंबित कर एवं अन्य बकायों की मौके पर वसूली, वन टाइम टैक्स, अग्रिम कर की प्राप्ति, वाहन पंजीकरण, फिटनेस, परमिट नवीनीकरण तथा अन्य परिवहन सेवाओं को एकीकृत रूप से सेवाएं उपलब्ध करायी जायेगी। आरटीओ प्रशासन राकेन्द्र कुमार सिंह ने बताया कि परिवहन मेलों का आयोजन 23 अक्टूबर, 27 नवम्बर व 26 दिसम्बर 2026 को सम्भागीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) सर्वाेदय नगर, कानपुर नगर के सारथी भवन में किया जायेगा। परिवहन मेले में आवेदको के लिए अलग-अलग काउन्टरों लगाए जायेंगे। उन्होंने बताया कि इन कांउटरो पर बकाया टैक्स और पैनाल्टी में मिलेगी राहत की सुविधा दी जायेगी। इसके साथ ही मेले में उत्तर प्रदेश मोटरयान कराधान नियमावली, (1998) के नियम 24 के तहत नियमानुसार शास्ति (पेनाल्टी) में छूट का लाभ दिया जाएगा। इसके माध्यम से बकाया कर और लंबित मामलों का निस्तारण किया जाएगा। बकाया राशि जमा होने के बाद सम्बन्धित वाहन के कर और दस्तावेजों की स्थिति विभागीय पोर्टल पर अपडेट की जाएगी। उन्होंने समस्त वाहन स्वामियों और ट्रांसपोर्ट एसोसिएशनों से अपील कि हैं वे निर्धारित तिथियों पर सम्भागीय परिवहन कार्यालय में लगने वाले परिवहन मेले में पहुंच कर उसका का लाभ उठाएं।पंजीयन, फिटनेस और परमिट कराने की मिलेगी सुविधापरिवहन मेले में नए वाहनों के पंजीकरण, फिटनेस प्रमाण पत्र, परमिट नवीनीकरण, एकमुश्त कर और अग्रिम कर जमा करने की सुविधा भी उपलब्ध रहेगी। इसके साथ ही वाहन के पंजीकरण प्रमाण पत्र (आरसी) में मोबाइल नम्बर दर्ज कराने और संशोधित कराने की व्यवस्था की जाएगी, ताकि वाहन स्वामियों को विभागीय सुचनाएं और ओटीपी प्राप्त करने में दिक्कत न हो। पुराने वाहनों को स्क्रैप कराने के बाद प्राप्त सर्टिफिकेट ऑफ डिपॉजिट के आधार पर नए वाहनों के पंजीकरण की प्रक्रिया में भी सुविधा दी जाएगी।अलग-अलग काउंटरों पर होगा कामआरटीओ प्रशासन राकेन्द्र कुमार सिंह ने बताया कि वाहन स्वामियों की सुविधा के लिए मेले में कर वसूली, पंजीकरण, फिटनेस, परमिट और सहायता के लिए अलग-अलग काउंटर बनाए जायेंगे। भुगतान के लिए नकद के साथ यूपीआई, डेबिट-क्रेडिट कार्ड और नेट बैकिंग जैसे माध्यमों की सुविधा भी उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।