ओईएफ सहकारी बैंक के अंशधारकों को चार वर्षों से नहीं मिला लाभांश,
-किला मजदूर यूनियन ने मुख्यमंत्री और सहकारिता आयुक्त को भेजा पत्र |
-"दीपावली से पूर्व बकाया लाभांश वितरित कराने की मांग |
-पिछले चार वित्तीय वर्षों के आय-व्यय और लाभ-हानि की निष्पक्ष जांच कराने की उठाई आवाज |
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर | आर्डिनेंस इक्विपमेंट फैक्ट्री (ओईएफ), फूलबाग, कानपुर स्थित ओईएफ प्रारंभिक सहकारी बैंक लिमिटेड के अंशधारकों को पिछले चार वर्षों से शेयर पर लाभांश (डिविडेंड) नहीं मिलने का मामला अब शासन तक पहुंच गया है। इस संबंध में ओईएफ किला मजदूर यूनियन के महामंत्री समीर बाजपेई ने 28 अक्टूबर 2026 को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तथा सहकारिता आयुक्त एवं निबंधक, उत्तर प्रदेश को अलग-अलग पत्र भेजकर मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है। यूनियन ने अपने पत्र में आरोप लगाया है कि बैंक के अंशधारकों को पिछले चार वर्षों से उनके शेयर पर लाभांश का भुगतान नहीं किया जा रहा है। बैंक प्रबंधन द्वारा विगत वित्तीय वर्षों में घाटा होने की बात कहकर लाभांश नहीं दिए जाने का हवाला दिया जाता रहा है। यूनियन का कहना है कि एक ओर बैंक अपनी सुविधाओं में लगातार बढ़ोतरी कर रहा है और दूसरी ओर अंशधारकों की शेयर धनराशि का उपयोग भी किया जा रहा है, लेकिन उन्हें उनके निवेश का लाभ नहीं मिल रहा है। इससे बैंक के अंशधारकों में नाराजगी और रोष व्याप्त है।किला मजदूर यूनियन ने बैंक के पिछले चार वित्तीय वर्षों के अर्जित लाभ एवं घाटे, आय-व्यय तथा वित्तीय स्थिति की निष्पक्ष जांच कराने की आवश्यकता जताई है। यूनियन का कहना है कि अंशधारकों को वास्तविक वित्तीय स्थिति से अवगत कराया जाना चाहिए, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि लगातार लाभांश का भुगतान नहीं किए जाने के पीछे वास्तविक कारण क्या हैं। महामंत्री समीर बाजपेई ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से विशेष रूप से मांग की है कि दीपावली के त्योहार को देखते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं, जिससे ओईएफ प्रारंभिक सहकारी बैंक के अध्यक्ष एवं सचिव के माध्यम से अंशधारकों को उनका अब तक बकाया लाभांश शीघ्र वितरित कराया जा सके। वहीं, सहकारिता आयुक्त एवं निबंधक, उत्तर प्रदेश को भेजे गए पत्र में भी यूनियन ने बैंक के पिछले चार वित्तीय वर्षों के लाभ-हानि की निष्पक्ष जांच कराने तथा अंशधारकों के हितों की रक्षा के लिए आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है। इस पत्र की प्रतिलिपि ओईएफ प्रारंभिक सहकारी बैंक के अध्यक्ष/सचिव तथा संयुक्त आयुक्त एवं संयुक्त निबंधक, सहकारिता, कानपुर मंडल को भी भेजी गई है। किला मजदूर यूनियन के महामंत्री समीर बाजपेई ने कहा कि बैंक में जिन कर्मचारियों ने अपनी मेहनत की कमाई से शेयर की धनराशि जमा की है, उनके हितों की अनदेखी नहीं होनी चाहिए। बैंक की वित्तीय स्थिति में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के साथ ही अंशधारकों को उनका जायज लाभ दिलाना आवश्यक है।