नगर निगम संयुक्त मोर्चा का हल्ला बोल
कर्मचारियों की भारी भीड़ से गूंजा निगम परिसर
कर्मचारियों ने कहा कि नगर निगम का निजीकरण नहीं होने दिया जाएगा
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर। नगर निगम संयुक्त मोर्चा द्वारा पूर्व नियोजित कार्यक्रम के तहत मंगलवार को नगर निगम परिसर में कर्मचारियों ने हल्ला बोल प्रदर्शन किया। सुबह से ही बड़ी संख्या में कर्मचारी नगर निगम पहुंचने लगे, जिससे परिसर कर्मचारियों की भीड़ से भर गया और माहौल पूरी तरह आंदोलित नजर आया।प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने एक स्वर में कहा कि उनके अधिकारों की लड़ाई किसी भी कीमत पर कमजोर नहीं पड़ेगी। कर्मचारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र ठोस निर्णय नहीं लिया, तो आंदोलन को और तेज कर हड़ताल का रास्ता अपनाया जाएगा। संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों में रमाकांत मिश्रा, मुन्ना हजारिया, हरिओम बाल्मिकी, अजीत बाघमार, चालक संघ अध्यक्ष विनोद कुमार आदि ने कहा कि नगर निगम में कार्यों के निजीकरण, आउटसोर्स कर्मचारियों के वेतन भुगतान में देरी, ईपीएफ और ईएसआई जैसी सुविधाओं को लेकर लगातार अनदेखी की जा रही है, जिससे कर्मचारियों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। कर्मचारी नेता उस्मान अली का कहना है कि बार-बार आश्वासन के बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं हो पा रहा है। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारियों ने नारेबाजी करते हुए प्रशासन से मांग की कि कर्मचारियों के हितों से जुड़े फैसले तुरंत लिए जाएं। संयुक्त मोर्चा के कमरूद्दीन ने कहा कि यदि बातचीत के नाम पर समय टालने की नीति अपनाई गई तो कार्यबंदी और हड़ताल के लिए पूरा मोर्चा तैयार है।नगर निगम परिसर में कर्मचारियों की भारी मौजूदगी के चलते दिनभर गतिविधियां प्रभावित रहीं और माहौल तनावपूर्ण बना रहा। इस दौरान तमाम कर्मचारी की ताकत के साथ मौजूद रहे।