विश्व मलेरिया दिवस पर निकाली जागरूकता रैली |
जिला संवाददाता सुनील कुमार धुरिया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस हमीरपुर। विश्व मलेरिया दिवस के अवसर पर आज जनपद हमीरपुर के मुख्य चिकित्सा अधिकारी सभागार में मलेरिया नियंत्रण एवं उन्मूलन संबंधी एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक के दौरान जनपद में मलेरिया उन्मूलन हेतु जनजागरूकता बढ़ाने, मच्छरों के प्रजनन स्रोतों को समाप्त करने (स्रोत नियंत्रण), प्रभावी वेक्टर नियंत्रण उपाय अपनाने तथा रोगियों के समयबद्ध एवं समुचित उपचार सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों ने यह सुनिश्चित करने का संकल्प लिया कि मलेरिया के प्रति जागरूकता अभियान को गांव-गांव तक पहुंचाया जाए तथा आमजन को इसके लक्षण, बचाव एवं उपचार के बारे में जानकारी दी जाए।
मलेरिया एक मच्छर जनित संक्रामक रोग है, जो मादा एनोफिलीज मच्छर के काटने से फैलता है। यह प्लाज्मोडियम परजीवी के कारण होता है। 1880 में इसके परजीवी की खोज की गई तथा 1897 में सर रोनाल्ड रॉस ने इसके संचरण की पुष्टि की, जिसके लिए उन्हें 1902 में नोबेल पुरस्कार मिला। वर्ष 2008 से प्रतिवर्ष 25 अप्रैल को विश्व मलेरिया दिवस मनाया जाता है।
भारत सरकार द्वारा वर्ष 2027 तक मलेरिया उन्मूलन का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।मलेरिया के सामान्य लक्षणों में बुखार, ठंड लगना, सिरदर्द एवं शरीर में दर्द शामिल हैं। इससे बचाव हेतु मच्छरदानी का उपयोग, पूरी आस्तीन के कपड़े पहनना तथा आसपास पानी जमा न होने देना अत्यंत आवश्यक है।
जागरूकता रैली का आयोजन:
विश्व मलेरिया दिवस के अवसर पर जनपद में जनजागरूकता बढ़ाने हेतु एक जागरूकता रैली का भी आयोजन किया गया। यह रैली मुख्य चिकित्सा अधिकारी सभागार से प्रारंभ होकर विभिन्न प्रमुख मार्गों से होते हुए निकाली गई। रैली में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों, आशा कार्यकर्त्रियों एवं अन्य प्रतिभागियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों द्वारा “मलेरिया मुक्त भारत” के नारे लगाए गए तथा आमजन को मलेरिया से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक किया गया। रैली के माध्यम से लोगों को साफ-सफाई बनाए रखने, जलभराव रोकने एवं मच्छरों के प्रजनन स्थलों को नष्ट करने के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा मलेरिया उन्मूलन हेतु सामूहिक शपथ ग्रहण की गई, जिसमें जनपद को मलेरिया मुक्त बनाने के लिए पूर्ण प्रतिबद्धता व्यक्त की गई।
इस अवसर पर अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी, जिला क्षय रोग (टी.बी.) अधिकारी, स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी, जिला मलेरिया अधिकारी, वरिष्ठ मलेरिया निरीक्षक, समस्त मलेरिया एवं फाइलेरिया निरीक्षक तथा आशा कार्यकर्त्रियाँ उपस्थित रहीं।