पीएम विश्वकर्मा लाभार्थियों के लिए एक दिवसीय जागरूकता हुआ कार्यक्रम
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर | भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्रालय के अंतर्गत एमएसएमई-विकास कार्यालय, कानपुर परिसर स्थित आईएमटी हॉल में पीएम विश्वकर्मा योजना के लाभार्थियों हेतु 'ब्रांडिंग एवं विपणन' विषय पर एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में लगभग 122 विश्वकर्मा शिल्पकारों एवं कारीगरों ने भाग लिया, जिनमें गुड़िया व खिलौने बनाने वाले, सोनार, लोहार, बढ़ई, मोची, धोबी, नाई और दर्जी आदि शामिल थे। कार्यक्रम का आयोजन कार्यालय प्रमुख/निदेशक विष्णु कुमार वर्मा की अध्यक्षता में हुआ, संचालन सोनिका रस्तोगी (वरिष्ठ सांख्यिकी अधिकारी) द्वारा किया गया और समन्वय अमित बाजपेयी (सहायक निदेशक) ने किया। निदेशक विष्णु कुमार वर्मा ने कारीगरों को आश्वस्त करते हुए कहा कि ऋण हो या तकनीकी दक्षता, एमएसएमई कार्यालय उनकी हर समस्या के समाधान के लिए हमेशा तत्पर है। सहायक निदेशक/समन्वयक (पीएमवी) नीरज कुमार ने बताया कि भारत में 5 वर्षों में 30 लाख विश्वकर्मा कारीगरों को लाभ पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया था, जिसे लगभग 2 साल पूरे होने से पहले ही प्राप्त कर लिया गया है। उन्होंने उत्तर प्रदेश के आंकड़े साझा करते हुए बताया कि राज्य में 1,78,031 पंजीकरण हुए हैं, 1,43,280 कारीगरों को कौशल प्रशिक्षण मिला है, 16,675 ऋण स्वीकृत किए गए हैं, 146.5 करोड़ रुपये की धनराशि आवंटित हुई है और 72,634 टूलकिट वितरित किए गए हैं। जिला उद्योग प्रोत्साहन एवं उद्यमिता विकास केंद्र के सहायक आयुक्त उद्योग वरुण कुमार ने उत्तर प्रदेश सरकार की 'मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना' की जानकारी देते हुए बताया कि लाभार्थी 5 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण प्राप्त कर सकते हैं, जिसमें उन्हें केवल 4.50 लाख रुपये ही वापस करने होंगे। सहायक निदेशक अमित बाजपेयी, अंशुल गुप्ता और डॉ. संजय भारती ने कारीगरों को उत्पादों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर बेचने, ऑनलाइन पंजीकरण करने, डिजिटल मार्केटिंग और ब्रांडिंग के तरीकों के बारे में विस्तार से बताया ताकि वे अपने उत्पादों को देश भर में पहुंचा सकें। यंग प्रोफेशनल अंकिता पाण्डेय ने कारीगरों को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) के बारे में जानकारी दी। कार्यक्रम के अंत में यंग प्रोफेशनल रजत कटियार ने लाभार्थियों की समस्याएं सुनकर उनका समाधान किया और सभी का धन्यवाद ज्ञापित किया।
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