श्रमिक कॉलोनी में दबंगई से निर्माण का आरोप, सार्वजनिक गली पर कब्जे की शिकायत
- विजयादशमी की छुट्टी के दौरान तेजी से कराया जा रहा निर्माण, ऊपर रहने वाले परिवारों की हवा-धूप और निजता प्रभावित होने का दावा; श्रम विभाग से तत्काल रोक की मांग
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस कानपुर। नवाबगंज थाना क्षेत्र की विष्णुपुरी श्रमिक कॉलोनी में मकान संख्या 1/4 भू-तल के आंगन में कथित अवैध निर्माण को लेकर श्रम विभाग में गंभीर शिकायत की गई है। शिकायतकर्ता एस.के. मणि, निवासी मकान संख्या 1/1, प्रथम तल ने श्रमायुक्त कानपुर को प्रार्थना पत्र देकर निर्माण कार्य तत्काल रुकवाने, मौके पर जांच कराने तथा नियम-विरुद्ध निर्माण पाए जाने पर उसे हटवाने की मांग की है।शिकायतकर्ता का आरोप है कि विजयादशमी की सरकारी छुट्टियों का फायदा उठाकर सार्वजनिक गली के लगभग आधे हिस्से पर कब्जा करते हुए पिलर निर्माण कराया गया। आरोप के मुताबिक, जिस गली का पिछले महीने नगर निगम द्वारा सीमेंट से निर्माण कराया गया था, उसी गली में खुदाई कर पिलर खड़े कराए गए और 18 अक्टूबर 2026 से छत की ढलाई तक करा दी गई।शिकायतकर्ता का कहना है कि निर्माण यहीं नहीं रुका है। अब इसी छत के ऊपर कमरे बनाने के लिए दोबारा पिलर की ढलाई का काम कराया गया है। निर्माण कार्य से संबंधित वीडियो भी उपलब्ध होने तथा विभिन्न न्यूज चैनलों पर निर्माण से जुड़ी खबरें प्रसारित होने का दावा शिकायत में किया गया है।हवा, धूप और निजता प्रभावित होने का आरोपशिकायत में सबसे गंभीर आपत्ति यह उठाई गई है कि भूतल के आवास में किए जा रहे निर्माण से ऊपर रहने वाले निवासियों के प्राकृतिक हवा और धूप के आवागमन तथा निजता पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। शिकायतकर्ता के अनुसार, श्रमिक कॉलोनी के आवासीय नियमों के तहत भूतल का निवासी ऐसा निर्माण नहीं कर सकता जिससे प्रथम तल पर रहने वाले परिवार के प्राकृतिक प्रकाश, हवा और निजता में बाधा उत्पन्न हो।शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया है कि संबंधित व्यक्ति द्वारा पूर्व में भी इसी प्रकार निर्माण का प्रयास किया गया था, जिसे विभागीय/प्रशासनिक हस्तक्षेप के बाद रोका गया था। इसके बावजूद दोबारा निर्माण शुरू होने से कॉलोनी के निवासियों में नाराजगी बताई जा रही है।“देखवाते हैं” के बीच तेजी से बढ़ रहा निर्माणमामले में शिकायतकर्ता ने उप श्रमायुक्त (गृह) से भी संपर्क किया। शिकायतकर्ता के अनुसार, उन्हें मामले को “देखवाते हैं” कहकर कार्रवाई का आश्वासन दिया गया, लेकिन दूसरी ओर निर्माण कार्य तेजी से जारी है।शिकायतकर्ता का कहना है कि केवल जांच का आश्वासन पर्याप्त नहीं है। यदि निर्माण इसी गति से जारी रहा और ढांचा पूरी तरह तैयार हो गया तो बाद में उसे हटाना और पूर्व स्थिति बहाल करना अधिक कठिन होगा। इसलिए विभाग को तत्काल मौके पर टीम भेजकर निर्माण रुकवाने और वास्तविक स्थिति की जांच करनी चाहिए।शिकायतकर्ता की सीधी मांगश्रमायुक्त को दिए गए शिकायती पत्र में मांग की गई है कि:- मौके पर सक्षम अधिकारी भेजकर तत्काल निर्माण कार्य रुकवाया जाए;- सार्वजनिक गली में किए गए कथित कब्जे और निर्माण की जांच कराई जाए;- ऊपर रहने वाले निवासियों की हवा, धूप और निजता प्रभावित न होने दिया जाए;- निर्माण अनधिकृत अथवा नियम-विरुद्ध पाए जाने पर उसे हटवाया जाए;- तथा जिम्मेदार व्यक्ति के विरुद्ध नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाए।शिकायतकर्ता ने स्पष्ट कहा है कि मामला केवल एक मकान के निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि सार्वजनिक गली, कॉलोनी के अन्य निवासियों के अधिकार और आवासीय नियमों के पालन से जुड़ा है। ऐसे में निर्माण पूरा होने से पहले श्रम विभाग द्वारा मौके पर तत्काल कार्रवाई किए जाने की मांग की गई है।