राष्ट्रीय राजमार्ग -34 पर हो रही दुर्घटनाओं के खिलाफ अधिवक्ताओं का प्रदर्शन
जिला संवाददाता सुनील कुमार धुरिया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस हमीरपुर l राष्ट्रीय राजमार्ग-34 पर लगातार हो रहे सड़क हादसों और बढ़ती मौतों के विरोध में शुक्रवार को अधिवक्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। जिला अधिवक्ता संघ के बैनर तले बड़ी संख्या में वकील कलेक्ट्रेट पहुंचे और हाईवे को छह लेन किए जाने तथा बीच में स्थायी डिवाइडर बनाए जाने की मांग उठाई। कानपुर को सागर (मध्य प्रदेश) से जोड़ने वाला नेशनल हाईवे-34 अब लोगों के बीच “खूनी हाईवे” के नाम से चर्चित हो चुका है। पिछले पांच वर्षों में इस मार्ग पर 500 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। वहीं वर्ष 2026 में अब तक 100 से ज्यादा सड़क दुर्घटनाएं दर्ज की गई हैं, जिनमें 61 लोगों की जान गई और लगभग 100 लोग घायल हुए हैं।
हाल ही में श्रद्धालुओं से भरी एक वैन दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई। इसके अगले ही दिन दुग्ध वैन हादसे में चालक की जान चली गई। लगातार सामने आ रहे हादसों ने जिलेवासियों में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है। जिला अधिवक्ता संघ के महामंत्री अश्वनी प्रजापति ने कहा कि वर्तमान में हाईवे केवल दो लेन का है, जबकि यातायात का दबाव लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि दुर्घटनाओं को रोकने के लिए हाईवे का चौड़ीकरण और डिवाइडर निर्माण बेहद जरूरी है।
अधिवक्ताओं ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपने का प्रयास किया, लेकिन जिलाधिकारी के वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में व्यस्त होने के कारण उन्हें अपर जिलाधिकारी को ज्ञापन देना पड़ा। अधिवक्ता दीपक चक्रवर्ती ने आरोप लगाया कि जिलाधिकारी ने करीब डेढ़ घंटे तक इंतजार कराने के बाद भी मुलाकात नहीं की और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग का हवाला देकर टाल दिया। इससे अधिवक्ताओं में नाराजगी और बढ़ गई।