नाग पंचमी के अवसर पर अलरा गौरा में रामलीला का हुआ भव्य मंचन
-परशुराम-लक्ष्मण संवाद ने मोहा मन
जिला संवाददाता सुनील कुमार धुरिया
हिंदुस्तान न्यूज़ एक्सप्रेस मुस्करा,हमीरपुर l नाग पंचमी के पावन पर्व पर विकासखंड मुस्करा क्षेत्र के ग्राम अलरा गौरा में सोमवार की रात श्रीरामलीला का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ क्षेत्रीय विधायक मनीषा अनुरागी ने फीता काटकर किया। विधायक मनीषा अनुरागी एवं ग्राम प्रधान बाबू सिंह ने भगवान श्रीराम की झांकी की आरती कर रामलीला का विधिवत शुभारंभ किया।
गांव अलरा गौरा में नाग देवता के मंदिर का इतिहास करीब पांच सौ वर्ष पुराना बताया जाता है। नाग पंचमी के अवसर पर यहां तीन दिवसीय भव्य मेले का आयोजन होता है, जिसमें दूर-दराज से बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं दर्शक पहुंचते हैं।
रामलीला में दूर-दराज से आए सुप्रसिद्ध कलाकारों ने सीता स्वयंवर, धनुष यज्ञ तथा परशुराम-लक्ष्मण संवाद का जीवंत एवं मार्मिक मंचन किया। सीता स्वयंवर के दौरान अनेक बड़े-बड़े राजा भगवान शिव के विशाल धनुष को उठाकर तोड़ने में असफल रहे। इससे राजा जनक व्यथित होकर विलाप करने लगे। राजा जनक का विलाप सुनकर दर्शक भावुक हो गए और कई लोग अपने आंसू नहीं रोक सके।
इसके बाद महर्षि विश्वामित्र की आज्ञा पाकर भगवान श्रीराम ने शिव धनुष को भंग कर दिया। धनुष टूटते ही राजा जनक के चेहरे पर खुशी छा गई। सीता ने भगवान श्रीराम के गले में वरमाला डाली तो उपस्थित दर्शकों ने पुष्प वर्षा कर जयकारे लगाए।
शिव धनुष टूटने की सूचना पर भगवान परशुराम स्वयंवर सभा में पहुंचे और क्रोध प्रकट करते हुए धनुष तोड़ने वाले के बारे में पूछा। भगवान श्रीराम के विनम्र जवाब के बाद भी परशुराम का क्रोध शांत नहीं हुआ। इसी दौरान लक्ष्मण के तीखे संवादों से माहौल और भी रोमांचक हो गया। परशुराम और लक्ष्मण के बीच हुए जोरदार एवं मार्मिक संवाद ने दर्शकों को देर रात तक बांधे रखा।
रामलीला देखने के लिए आसपास के गांवों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और कलाकारों के शानदार मंचन की जमकर सराहना की।